पुलिस की कार्रवाई के बावजूद नियम तोड़ने से बाज नहीं आ रहे चालक, आखिर किसका संरक्षण?
रायपुर। महात्मा गांधी नगर, देवपुरी–अमलीडीह मार्ग पर नो-एंट्री के बावजूद भारी मालवाहक वाहनों की आवाजाही का सिलसिला जारी है। CG05 AS 5060 नंबर का भारी वाहन भी प्रतिबंधित समय में इस मार्ग पर चलता दिखाई दिया। बताया गया है कि यहां भारी वाहनों का प्रवेश प्रातः 6 बजे से रात्रि 12 बजे तक निषेध है।
पुलिस द्वारा नो-एंट्री का पालन कराने के लिए कार्रवाई किए जाने के बावजूद यदि वाहन चालक नियमों को लगातार चुनौती दे रहे हैं, तो सवाल उठता है कि आखिर इन्हें किसका संरक्षण प्राप्त है?
संकरे मार्ग पर भारी वाहनों की आवाजाही से कभी भी गंभीर हादसा हो सकता है। आसपास भवन निर्माण सामग्री की आवाजाही करने वाले वाहनों पर भी निगरानी जरूरी है।
क्या वाहन चालकों को यह भरोसा है कि कार्रवाई होने पर किसी अधिकारी, नेता या रसूखदार से फोन करवाकर वे बच जाएंगे? क्या जरूरत पड़ने पर किसी मंत्री जी से फोन करवा दिया जाएगा?
पुलिसवाला न्यूज़ के ब्यूरो चीफ मयंक श्रीवास्तव एक जागरूक पत्रकार और जिम्मेदार नागरिक के रूप में लगातार इस मुद्दे को समाचारों के माध्यम से उठा रहे हैं और संबंधित अधिकारियों का ध्यान आकर्षित कर रहे हैं। उद्देश्य किसी व्यक्ति विशेष को निशाना बनाना नहीं, बल्कि नो-एंट्री व्यवस्था और आम लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित कराना है।
अब सवाल यही है कि प्रतिबंधित समय में भारी वाहनों की आवाजाही आखिर कब पूरी तरह रुकेगी और इन्हें नियम तोड़ने का हौसला कहां से मिल रहा है?
रिपोर्टर: मयंक श्रीवास्तव
ब्यूरो चीफ, पुलिसवाला न्यूज़
