अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शहर पश्चिम श्री गुरु प्रसाद पाराशर एवं नगर पुलिस अधीक्षक माधवनगर श्रीमती दीपिका शिंदे के मार्गदर्शन में साइबर अपराधों के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान के अंतर्गत थाना नीलगंगा पुलिस को एमबीबीएस सीट दिलाने के नाम पर लाखों रुपए की ऑनलाइन धोखाधड़ी करने वाले आरोपी को गिरफ्तार करने में महत्वपूर्ण सफलता प्राप्त हुई है।
🔹घटना का विवरण–
फरियादी सतीश चंद्र पटेल निवासी मंच्छामन चौराहा, उज्जैन ने थाना नीलगंगा में रिपोर्ट दर्ज कराई कि उनके पुत्र के एमबीबीएस प्रवेश के संबंध में एक व्यक्ति ने स्वयं को कटिहार मेडिकल कॉलेज, बिहार का प्राचार्य बताकर संपर्क किया। आरोपी ने कॉलेज में सीट रिक्त होने का झांसा देकर फरियादी से विभिन्न शैक्षणिक एवं पहचान संबंधी दस्तावेज प्राप्त किए तथा सीट बुकिंग के नाम पर अलग-अलग बैंक खातों में दिनांक 15.02.2026 से 17.02.2026 के मध्य कुल ₹4,25,000/- ऑनलाइन ट्रांसफर करवा लिए।
राशि प्राप्त करने के बाद आरोपी ने व्हाट्सएप पर एनएमसी पत्र, आवंटन पत्र एवं अन्य कूटरचित दस्तावेज भेजे। बाद में फरियादी जब कटिहार मेडिकल कॉलेज पहुंचे तो वास्तविक प्राचार्य से जानकारी मिली कि उक्त मोबाइल नंबर उनका नहीं है, कॉलेज में कोई सीट रिक्त नहीं थी तथा उनके साथ धोखाधड़ी की गई है। इस पर थाना नीलगंगा में अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना प्रारंभ की गई।
🔹पुलिस कार्यवाही–
प्रकरण की विवेचना के दौरान तकनीकी साक्ष्यों, बैंक खातों, मोबाइल नंबरों, ई-मेल एवं डिजिटल ट्रांजेक्शनों का गहन विश्लेषण किया गया। साइबर सेल की तकनीकी सहायता से आरोपी की पहचान सुमन्त्र गुप्ता पिता सैबल गुप्ता, उम्र 45 वर्ष, निवासी सिलीगुड़ी, पश्चिम बंगाल के रूप में हुई। पुलिस टीम द्वारा सिलीगुड़ी (पश्चिम बंगाल) में दबिश देकर आरोपी को विधिवत गिरफ्तार किया गया।
गिरफ्तार आरोपी को न्यायालय से ट्रांजिट रिमांड प्राप्त कर उज्जैन लाया गया है। वर्तमान में आरोपी से प्रकरण के संबंध में गहन पूछताछ की जा रही है। पूछताछ के दौरान प्राप्त तथ्यों के आधार पर अन्य आरोपियों की संलिप्तता, धोखाधड़ी से प्राप्त राशि, बैंक खातों एवं अन्य डिजिटल साक्ष्यों के संबंध में विस्तृत विवेचना जारी है।
आरोपी को न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत कर पुलिस रिमांड प्राप्त की जाएगी, जिसके उपरांत प्रकरण में धोखाधड़ी से अर्जित संपत्ति एवं अन्य साक्ष्यों की जब्ती की कार्रवाई नियमानुसार की जाएगी। प्रकरण की विवेचना जारी है तथा पूछताछ के आधार पर अन्य महत्वपूर्ण तथ्य सामने आने की संभावना है।
🔹जनसामान्य से अपील–
पुलिस आमजन से अपील करती है कि मेडिकल, इंजीनियरिंग अथवा अन्य शैक्षणिक संस्थानों में प्रवेश दिलाने के नाम पर किसी भी व्यक्ति द्वारा फोन, सोशल मीडिया, व्हाट्सएप या ई-मेल के माध्यम से की जाने वाली मांगों पर बिना सत्यापन विश्वास न करें। किसी भी प्रकार की धनराशि जमा करने से पूर्व संबंधित संस्था से आधिकारिक माध्यम से पुष्टि अवश्य करें। किसी भी साइबर धोखाधड़ी की स्थिति में तत्काल साइबर हेल्पलाइन 1930 अथवा निकटतम पुलिस थाना/साइबर थाना में शिकायत दर्ज कराएं।
🔹सराहनीय भूमिका–
प्रकरण के सफल निराकरण एवं आरोपी की गिरफ्तारी में थाना प्रभारी नीलगंगा निरीक्षक तरुण कुरील, उप निरीक्षक यादवेंद्र सिंह, आरक्षक पुष्पराज, आरक्षक अंकित एवं साइबर सेल उज्जैन की विशेष एवं सराहनीय भूमिका रही।
उज्जैन से जिला ब्यूरो रिंकू सोगानी

