रायपुर
मंदिर तोड़ने वाले आरोपियों को टिकरापारा पुलिस ने चंद घंटों में दबोचा, तनाव के बाद क्षेत्र में शांति
रायपुर। राजधानी के टिकरापारा थाना अंतर्गत धरमनगर (पचपेड़ी नाका) में लंबे समय से चल रहे जमीन विवाद ने उस वक्त तूल पकड़ लिया, जब १५ दिसंबर की दरमियानी रात एक प्राचीन हनुमान मंदिर को क्षति पहुँचाई गई। हालांकि, पुलिस की मुस्तैदी और त्वरित कार्रवाई से न केवल आरोपी पकड़े गए, बल्कि संभावित सांप्रदायिक तनाव को भी टाल दिया गया।
विवाद की पृष्ठभूमि
धरमनगर में उक्त भूमि को लेकर एक जमीन व्यापारी और स्थानीय मोहल्लेवासियों के बीच काफी पुराना विवाद चल रहा है। जहाँ व्यापारी इसे निजी संपत्ति बता रहा है, वहीं स्थानीय निवासियों का दावा है कि यह शासकीय भूमि है। इसी भूमि पर हनुमान जी का एक मंदिर स्थापित था, जो श्रद्धा का केंद्र बना हुआ था।
CCTV फुटेज और गलतफहमी का निराकरण
15 तारीख की रात व्यापारी और उसके साथियों ने मंदिर को ढहा दिया। यह पूरी घटना पास के CCTV कैमरों में कैद हो गई। फुटेज सामने आने के बाद स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश फैल गया, क्योंकि वीडियो में दिख रहा एक व्यक्ति हुलिए से टिकरापारा थाने के एक आरक्षक जैसा प्रतीत हो रहा था।
पुलिस और पार्षद ने भी किया था इंकार
क्षेत्र के पार्षद बद्री प्रसाद गुप्ता एवं पुलिस विभाग ने पहले ही साफ कर दिया था कि वह व्यक्ति जो पुलिस कांस्टेबल जैसा दिख रहा है वह पुलिस स्टाफ से नहीं है,
अफवाहों और जनता के गुस्से को देखते हुए थाना प्रभारी विनय सिंह बघेल ने तत्काल स्थिति संभाली। उन्होंने स्पष्ट किया कि वीडियो में दिख रहा व्यक्ति पुलिस स्टाफ का हिस्सा नहीं है। वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर विनय सिंह के नेतृत्व में एक विशेष टीम गठित की गई।
त्वरित कार्रवाई और गिरफ्तारी
मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए टिकरापारा पुलिस ने तत्परता दिखाई और साक्ष्यों के आधार पर घेराबंदी कर कुछ ही घंटों के भीतर मुख्य आरोपी और उसके साथियों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस की इस पेशेवर कार्यशैली के कारण स्थिति बिगड़ने से पहले ही नियंत्रण में आ गई।
जनप्रतिनिधियों और नागरिकों ने जताया आभार
आरोपियों की त्वरित गिरफ्तारी और पारदर्शी जांच से संतुष्ट होकर क्षेत्र के पार्षद बद्री प्रसाद गुप्ता एवं मोहल्लेवासियों ने थाना प्रभारी विनय सिंह बघेल और उनकी पूरी टीम का आभार व्यक्त किया। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि पुलिस की इस कार्रवाई से न्याय व्यवस्था पर उनका विश्वास और सुदृढ़ हुआ है।
रिपोर्टर: मयंक श्रीवास्तव
ब्यूरो चीफ, पुलिसवाला न्यूज़

