शहडोल: शहर के आस्था के मुख्य केंद्र, स्थानीय पंचायती मंदिर धाम में वर्ष 1956 से निरंतर स्थापित हो रही माँ की पावन प्रतिमा और उत्सव इस बार और भी अलौकिक रूप में सज चुका है। मातृभूमि सेवा समिति के अध्यक्ष सत्येंद्र कुमार सोनी ने जानकारी देते हुए बताया कि इस वर्ष नवरात्रि और दशहरा पर्व को बेहद भव्य, दिव्य और ऐतिहासिक रूप दिया गया है, जिसकी सभी तैयारियां पूरी हो चुकी हैं।
आज षष्ठी तिथि (शुक्रवार) से ही विशेष धार्मिक और सांस्कृतिक आयोजनों की शुरुआत हो रही है। समिति ने क्षेत्र के समस्त श्रद्धालुओं से सपरिवार उपस्थित होकर माँ के दरबार में हाजिरी लगाने और इस पावन महाउत्सव का धर्म लाभ उठाने की विनम्र अपील की है।
आगामी आयोजनों की रूपरेखा:
षष्ठी (शुक्रवार – आज): माता रानी को भव्य छप्पन भोग अर्पित कर विशाल प्रसाद का वितरण किया जाएगा।
सप्तमी (शनिवार): महिला मंडल की मधुर स्वर लहरी में विशेष भजनों की प्रस्तुति और उत्साह से भरपूर सामूहिक गरबा का आयोजन।
अष्टमी (रविवार): मंदिर प्रांगण में माँ की आराधना का विशेष पर्व, जिसमें भव्य महाआरती का आयोजन होगा।
नवमी (सोमवार): श्रद्धालुओं के लिए आस्था का महापर्व, जिसमें विशाल भंडारे (महाप्रसाद) की व्यवस्था रहेगी।
दशहरा (मंगलवार): हवन-पूर्णाहुति के साथ माँ की भव्य झांकी और विसर्जन यात्रा, तथा बच्चों के विशेष उल्लास के साथ रावण दहन उत्सव मनाया जाएगा।
अजय पाल







