डिंडौरी मध्यप्रदेश
रिपोर्ट अखिलेश झारिया
ग्रामीणों की शिकायत पर कलेक्टर ने कराई जांच, ठेकेदार के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश; हादसे में टली बड़ी जनहानि
अवनि एक्सप्रेस
जिला ब्यूरो चीफ डिंडौरी
अखिलेश झारिया
जनपद मुख्यालय के ग्राम पड़रिया में विद्युत व्यवस्था को लेकर की गई कथित लापरवाही उस समय सामने आ गई, जब 31 अगस्त को बारिश के दौरान ट्रांसफार्मर खंभों समेत जमीन पर आ गिरा। गनीमत रही कि हादसे के दौरान आसपास कोई व्यक्ति या पशु मौजूद नहीं था, जिससे बड़ी जनहानि टल गई। घटना के बाद ग्रामीणों ने कलेक्टर श्रीमती अंजू पवन भदौरिया से शिकायत कर पूरे मामले की जांच और जिम्मेदारों पर कार्रवाई की मांग की।
ग्रामीणों का आरोप था कि ट्रांसफार्मर स्थापित करने के दौरान विद्युत खंभों को मजबूती देने के लिए निर्धारित तरीके से गिट्टी और सीमेंट का बेसमेंट तैयार नहीं किया गया। खंभों को महज गड्ढे में गाड़कर खड़ा कर दिया गया और उन्हीं पर ट्रांसफार्मर स्थापित कर दिया गया। बारिश के बीच कमजोर आधार के चलते खंभे टूटकर गिर गए और ट्रांसफार्मर भी जमीन पर आ गिरा।
मौके पर पहुंची जांच टीम, सामने आई लापरवाही
ग्रामीणों की शिकायत को गंभीरता से लेते हुए कलेक्टर ने तत्काल जांच के निर्देश दिए। इसके बाद 1 सितंबर को ग्राम बजाग रैयत पड़रिया में तहसीलदार बजाग, मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत बजाग तथा विद्युत विभाग के कनिष्ठ अभियंता की संयुक्त टीम ने मौके का निरीक्षण किया।
जांच के दौरान पाया गया कि विद्युत लाइन शिफ्टिंग के लिए ट्रांसफार्मर स्थापित करने का कार्य चल रहा था। इसके लिए सीमेंट के खंभे लगाए गए थे, लेकिन उन्हें मजबूती देने के लिए आवश्यक सीमेंट बेसमेंट तैयार नहीं किया गया था। खंभों को केवल जमीन में गाड़कर खड़ा किया गया था। पर्याप्त आधार नहीं होने के कारण खंभे टूटकर गिर गए और उनके साथ ट्रांसफार्मर भी धराशायी हो गया।
ठेकेदार पर कार्रवाई के निर्देश
जांच में सामने आई लापरवाही के बाद कलेक्टर के निर्देश पर संबंधित ठेकेदार मेसर्स जे.आर.डी. स्मार्ट सॉल्यूशन, ए-क्लास इलेक्ट्रिकल कांट्रेक्टर, सिंगरौली के विरुद्ध आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।
साथ ही विद्युत विभाग को बाधित बिजली आपूर्ति जल्द बहाल करने तथा ट्रांसफार्मर को सुरक्षित और निर्धारित मानकों के अनुसार दोबारा स्थापित करने के निर्देश दिए गए हैं। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि ग्रामीणों को निर्बाध विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करने के साथ-साथ विद्युत उपकरणों की स्थापना में सुरक्षा मानकों का पालन किया जाना जरूरी है।
हादसे में जनहानि नहीं हुई, लेकिन जिस तरह बिना पर्याप्त आधार के ट्रांसफार्मर स्थापित किया गया, उससे विद्युत कार्यों में बरती गई लापरवाही पर गंभीर सवाल जरूर खड़े हो गए हैं।








