इंदौर
क्राइम ब्रांच की बड़ी कार्रवाई, 3 करोड़ की साइबर ठगी का खुलासा
इंदौर बढ़ते साइबर फ्रॉड पर लगाम लगाने के लिए चलाए जा रहे *OPERATION MATRIX* के तहत क्राइम ब्रांच इंदौर को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने साइबर ठगी में इस्तेमाल होने वाले बैंक खातों के बड़े जखीरे के साथ एक आरोपी को गिरफ्तार किया है।पुलिस आयुक्त के निर्देशन और DCP क्राइम के मार्गदर्शन में क्राइम ब्रांच की टीम ने मुखबिर की सूचना पर आरोपी *ललित उर्फ ऋषि सुतार* को मोटरसाइकिल समेत घेराबंदी कर पकड़ा।
आरोपी के पास से
– 21 बैंक पासबुक
– 08 ATM कार्ड
– 20 चेकबुक
– 07 QR कोड
– 01 HP लैपटॉप जब्त किया
पूछताछ में आरोपी जब्त बैंक खातों के बारे में कोई संतोषजनक जवाब नहीं दे सका। जब NCRP पोर्टल पर इन खातों की जांच की गई तो बड़ा खुलासा हुआ।जांच में पाया गया कि इन खातों का इस्तेमाल देशभर में *लगभग 3 करोड़ रुपये से अधिक की साइबर धोखाधड़ी* में किया गया है। इन खातों से जुड़ी *50 से अधिक शिकायतें* देश के विभिन्न राज्यों में दर्ज हैं।ये शिकायतें निवेश के नाम पर ठगी, APK फ्रॉड, ऑनलाइन लोन फ्रॉड जैसी वारदातों से जुड़ी हैं। जिनका संबंध *महाराष्ट्र, कर्नाटक, राजस्थान, अंडमान-निकोबार, पश्चिम बंगाल, तेलंगाना, आंध्र प्रदेश, पंजाब, बिहार, गुजरात और छत्तीसगढ़* जैसे 11 राज्यों से है।आरोपी के खिलाफ धारा 318(4) BNS और 66(C) IT एक्ट के तहत केस दर्ज कर गिरफ्तार कर लिया गया है। क्राइम ब्रांच अब इसके लैपटॉप के डिजिटल डेटा, लेन-देन और इससे जुड़े अंतर्राज्यीय नेटवर्क की जांच कर रही है।
रिपोर्ट मनोज कुमार शर्मा







