15 साल पहले अपहृत नाबालिग बालिका को पुलिस ने किया दस्तयाब, परिवार से मिलाया — आरोपी गिरफ्तार
जुन्नारदेव (छिंदवाड़ा): पुलिस ने एक बेहद संवेदनशील और लंबे समय से लंबित मामले में बड़ी सफलता हासिल करते हुए वर्ष 2011 में अपहृत हुई नाबालिग बालिका को दस्तयाब कर उसके परिजनों से मिला दिया। इस घटना से परिवार में खुशी की लहर दौड़ गई है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, वर्ष 2011 में 15 वर्षीय बालिका को बहला-फुसलाकर अपहरण कर लिया गया था। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस द्वारा लगातार जांच और तलाश जारी रखी गई। वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में विशेष टीम गठित कर सघन अभियान चलाया गया।
दिनांक 30 अप्रैल 2026 को पुलिस टीम ने बालिका को जुन्नारदेव क्षेत्र में सुरक्षित बरामद किया।
पूछताछ में सामने आया कि आरोपी महिला ने बालिका को नौकरी का झांसा देकर भोपाल ले जाकर उसे 2 लाख रुपये में बेच दिया था। इसके बाद पीड़िता के साथ लंबे समय तक शोषण हुआ।
पुलिस ने मामले में तत्परता दिखाते हुए मुख्य आरोपी महिला को गिरफ्तार कर लिया है। साथ ही मामले में मानव तस्करी, दुष्कर्म एवं पॉक्सो एक्ट सहित गंभीर धाराएं जोड़ी गई हैं।
पुलिस की इस कार्रवाई से यह साबित होता है कि अपराध कितना भी पुराना क्यों न हो, न्याय जरूर मिलता है।
परिजनों से मिलन के बाद भावुक माहौल, वर्षों बाद लौटी बेटी।
पुलिस टीम का सराहनीय योगदान
इस सफलता में जुन्नारदेव पुलिस टीम एवं वरिष्ठ अधिकारियों की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
पुलिस टीम:
इस कार्रवाई में अनुविभागीय अधिकारी (पुलिस) जुन्नारदेव सुनील वरकडे के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी निरीक्षक जे. मसराम,
उप निरीक्षक पूनम उइके, उप निरीक्षक अंजना मरावी,
प्रधान आरक्षक 768 बंटी कांतले, 134 प्रेमलता धुर्वे,
आरक्षक 842 अनिल उइके, 919 निधि बघेल का विशेष योगदान रहा।
पुलिस वाला राष्ट्रीय समाचार पत्रिका, एसेंबली रिपोर्टर भगवानदास साहू।







