शाहडोल। वन विभाग की टीम ने वन्यजीव संरक्षण को लेकर एक बड़ी कार्रवाई करते हुए चीतल का मांस पकाने और घर में सींग रखने के मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। न्यायालय के आदेश के बाद दोनों आरोपियों को जिला जेल शाहडोल भेज दिया गया है।
मुखबिर की सूचना पर तड़के छापेमारी
प्राप्त जानकारी के अनुसार, वन संरक्षक (वन वृत्त शाहडोल) महेन्द्र प्रताप सिंह (भा.व.से.) के निर्देशन एवं वनमंडलाधिकारी (दक्षिण शाहडोल) सुश्री श्रद्धा पन्द्रे (भा.व.से.) के कुशल मार्गदर्शन में 1 अगस्त 2026 को तड़के सुबह 5:00 बजे वन परिक्षेत्र खन्नौधी के अधिकारियों को मुखबिर से सटीक सूचना प्राप्त हुई।
सूचना मिली थी कि ग्राम सल्दा निवासी बंसीलाल बैगा (उम्र 42 वर्ष, पिता दीनू बैगा) के मकान में चीतल का मांस पकाकर खाया जा रहा है। खबर मिलते ही खन्नौधी के वन अमले ने बंसीलाल के घर पर दबिश दी।
घर से बरामद हुए चीतल के अवशेष
तलाशी के दौरान आंगन में बनी झोपड़ी से एक बर्तन में पका हुआ चावल के साथ मांस, खाल का टुकड़ा और मकान के अंदर से एक नग चीतल का सींग बरामद हुआ। आरोपी बंसीलाल इन वन्यजीव अवशेषों के संबंध में कोई वैध दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सका, जिसके बाद वन विभाग की टीम ने सभी अवशेषों को जब्त कर सील कर दिया।
पूछताछ में दूसरे आरोपी का हुआ खुलासा
कड़ाई से पूछताछ करने पर आरोपी बंसीलाल ने बताया कि उसने ग्राम सल्दा के ही संतोष सिंह (उम्र 31 वर्ष, पिता महेश सिंह) के साथ मिलकर चीतल का मांस खाया था। इसके बाद वन टीम ने संतोष सिंह को भी मामले में सह-आरोपी बनाया।
अदालत ने भेजा जेल
वन विभाग ने दोनों आरोपियों के विरुद्ध वन्यजीव संरक्षण अधिनियम 1972 की धारा 9 (पठित 2(16)), 39, 44, 48, 51 एवं 57 के तहत वन अपराध प्रकरण क्रमांक 20486/08 (दिनांक 01.08.2026) पंजीकृत किया। मेडिकल परीक्षण के उपरांत आरोपियों को माननीय न्यायालय जिला शाहडोल के समक्ष प्रस्तुत किया गया, जहां से उन्हें जिला जेल भेज दिया गया।
कार्रवाई में शामिल टीम
इस सफल कार्रवाई में वन परिक्षेत्राधिकारी सुदीप मिश्रा, वन परिक्षेत्राधिकारी खन्नौधी, वनपाल बहादुर सिंह श्याम (परिक्षेत्र सहायक खन्नौधी), वनरक्षक बीटगार्ड राजेन्द्र पाण्डेय (खोहरी), बीटगार्ड सेमरा, बीटगार्ड चंदोल, और बीटगार्ड अंकुरी की महत्वपूर्ण व सराहनीय भूमिका रही।
अजय पाल

