गरियाबंद। जिले की शिक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने की दिशा में *जिला कांग्रेस अध्यक्ष सुखचंद भेसरा* की पहल निर्णायक साबित हुई। शिक्षा विभाग में वर्षों से चले आ रहे संलग्नीकरण (अटैचमेंट) को समाप्त कर कर्मचारियों को उनके मूल पदस्थापना स्थल पर भेजने की मांग को लेकर जिला कांग्रेस द्वारा उठाई गई आवाज के बाद जिला प्रशासन ने कार्रवाई करते हुए संलग्नीकरण समाप्त करने का आदेश जारी किया। इस निर्णय का जिलेभर में स्वागत किया जा रहा है।
इस महत्वपूर्ण निर्णय के बाद *किसान कांग्रेस के प्रदेश महामंत्री मुकेश पांडेय ने एनएसयूआई प्रदेश सचिव ऐश्वर्य यदु* एवं कांग्रेस कार्यकर्ताओं के साथ जिला कलेक्टर से सौजन्य भेंट कर गुलदस्ता भेंट किया तथा शिक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने की दिशा में उठाए गए इस जनहितैषी कदम के लिए उनका आभार व्यक्त किया।
मुकेश पांडेय ने कहा कि जिला कांग्रेस अध्यक्ष सुखचंद भेसरा के नेतृत्व और निरंतर प्रयासों का ही परिणाम है कि लंबे समय से लंबित यह जनहित का मुद्दा समाधान तक पहुंचा। उन्होंने कहा कि शिक्षकों की मूल पदस्थापना पर वापसी से विद्यालयों में शिक्षकों की उपलब्धता बढ़ेगी, विद्यार्थियों को नियमित एवं गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिलेगी तथा अभिभावकों का शिक्षा व्यवस्था पर विश्वास और मजबूत होगा।
जिला कांग्रेस अध्यक्ष सुखचंद भेसरा ने कहा कि कांग्रेस हमेशा शिक्षा, युवाओं और जनहित के मुद्दों को प्राथमिकता देती रही है। उन्होंने कहा कि विद्यालयों में शिक्षकों की कमी दूर होना विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है और जनहित के ऐसे मुद्दों पर कांग्रेस आगे भी मजबूती से जनता की आवाज उठाती रहेगी।
इस अवसर पर कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने जिला प्रशासन के निर्णय का स्वागत करते हुए इसे शिक्षा व्यवस्था को सशक्त बनाने की दिशा में एक ऐतिहासिक एवं जनहितैषी फैसला बताया।
रिपोर्ट नेहरू साहू जिला ब्यूरो गरियाबंद







