सिलौड़ी। क्षेत्र में दतला नदी के संगमा घाट पर कथित अवैध रेत उत्खनन को लेकर ग्रामीणों ने प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि रात के समय नदी से बड़े पैमाने पर रेत निकाली जा रही है और ट्रैक्टर-ट्रॉलियों के जरिए आसपास के क्षेत्रों में परिवहन किया जा रहा है।
ग्रामीणों के मुताबिक, रेत से भरे कई वाहन सिलौड़ी पुलिस चौकी के सामने से होकर गुजरते हैं। इसके बावजूद वाहनों की जांच और कार्रवाई नहीं होने से अवैध उत्खनन को लेकर संदेह की स्थिति बनी हुई है। ग्रामीणों ने पूरे मामले की जांच कर वास्तविक स्थिति सामने लाने की मांग की है।
लगातार रेत निकाले जाने से नदी के प्राकृतिक स्वरूप पर भी असर पड़ने की बात ग्रामीणों ने कही है। उनका कहना है कि नदी का जलस्तर कम होने के साथ आसपास के प्राकृतिक जलस्रोतों पर भी इसका प्रभाव दिखाई दे रहा है। इससे कृषि और पेयजल व्यवस्था प्रभावित होने की आशंका जताई जा रही है।
ग्रामीणों ने कलेक्टर एवं खनिज विभाग से दतला नदी के संगमा घाट का निरीक्षण कराने, रेत उत्खनन की अनुमति और परिवहन की जांच करने तथा नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर संबंधित लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
रिपोर्ट जितेंद्र मिश्रा







