नशा-मुक्त मध्य प्रदेश की ओर एक और कदम
जुन्नारदेव, 18 जुलाई।
मध्य प्रदेश को नशा-मुक्त बनाने के उद्देश्य से प्रदेशभर में चलाए जा रहे विशेष “नशा मुक्ति अभियान” के अंतर्गत शनिवार को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, जुन्नारदेव में पुलिस एवं स्वास्थ्य विभाग के संयुक्त तत्वावधान में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में मरीजों, उनके परिजनों तथा अस्पताल स्टाफ को नशे के दुष्प्रभावों से अवगत कराते हुए नशे से दूर रहने का संदेश दिया गया।
अभियान का मुख्य संदेश
“हमारा है यही संदेश — नशा-मुक्त हो मध्य प्रदेश।”
इस अवसर पर उपस्थित सभी लोगों ने हाथ उठाकर नशा न करने तथा दूसरों को भी इसके प्रति जागरूक करने का संकल्प लिया।
पुलिस ने बताई नशे की सच्चाई
पुलिस अधिकारियों ने कहा कि—
– नशा व्यक्ति के शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य को गंभीर नुकसान पहुंचाता है।
– यह परिवार की खुशियां छीनकर सामाजिक विघटन का कारण बनता है।
– युवाओं का भविष्य सुरक्षित रखने के लिए नशे से दूरी बेहद आवश्यक है।
– नशे की गिरफ्त में आए लोगों को समाज की मुख्यधारा से जोड़ना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है।
स्वास्थ्य विभाग ने भी किया जागरूक
स्वास्थ्य विभाग के चिकित्सकों एवं कर्मचारियों ने लोगों को नशे से होने वाली बीमारियों, मानसिक तनाव और अन्य गंभीर दुष्परिणामों की जानकारी देते हुए स्वस्थ जीवनशैली अपनाने का संदेश दिया।
पुलिस प्रशासन की अपील
– नशे से स्वयं दूर रहें और दूसरों को भी प्रेरित करें।
– यदि आसपास कोई व्यक्ति नशे की लत से परेशान है तो उसकी सहायता के लिए आगे आएं।
– अवैध रूप से नशीले पदार्थों की बिक्री या तस्करी की जानकारी तत्काल पुलिस को दें।
– आपकी एक सूचना किसी का भविष्य बचा सकती है।
कार्यक्रम में रहे उपस्थित- *थाना प्रभारी निरीक्षक जे. मसराम*
– उप निरीक्षक मुकेश डोंगरे
– *चौकी प्रभारी डूंगरिया उप निरीक्षक अंजना मरावी*
– आरक्षक राजपाल
– आरक्षक संस्कार बघेल
– आरक्षक संतोष धुर्वे
– सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र का चिकित्सकीय एवं स्वास्थ्य स्टाफ
🖊️राष्ट्रीय समाचार पत्रिका पुलिस वाला असेंबली रिपोर्टर भगवानदास साहू







