मंदसौर।
मंदसौर के युवा ऋषभ चौरड़िया ने 18 वर्षों तक पैसे को हाथ न लगाने का अपना व्यक्तिगत संकल्प पूरा कर एक अनूठी मिसाल पेश की। 18 वर्ष पूरे होने पर उन्होंने पहली बार किन्नर गुरु अनीता दीदी के हाथों से आशीर्वाद स्वरूप पैसे ग्रहण किए।
ऋषभ ने बताया कि इस संकल्प को पूरा करने में उनके माता-पिता संजय चौरड़िया और सीमा चौरड़िया सहित पूरे परिवार का महत्वपूर्ण सहयोग रहा। उनका कहना है कि इस पहल का उद्देश्य धन का विरोध नहीं, बल्कि आत्मसंयम, अनुशासन और संस्कार का संदेश देना था।

ऋषभ ने दावा किया कि 18 वर्षों तक इस प्रकार का संकल्प निभाना एक विश्व रिकॉर्ड हो सकता है, हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि संबंधित रिकॉर्ड संस्था द्वारा ही की जा सकती है।
संकल्प के अलावा चौरड़िया परिवार समाजसेवा के कई कार्यों में सक्रिय है। परिवार ने गौहत्या रोकने की मांग को लेकर 1,08,000 हस्ताक्षरों का जनअभियान चलाने का दावा किया है। साथ ही भगवान महावीर स्वामी की 1008 सिक्कों से बनी विशेष जैन स्वस्तिक कलाकृति भी तैयार करवाई है।
परिवार स्वच्छता अभियान के तहत विभिन्न आयोजनों में लोगों को साफ-सफाई के लिए प्रेरित करता है। वहीं जल संरक्षण के लिए लगभग ₹10,000 की निजी राशि खर्च कर शहर के कई सार्वजनिक नलों की मरम्मत एवं नए नल लगवाने का कार्य भी कराया है।
चौरड़िया परिवार का कहना है कि सेवा, अनुशासन, स्वच्छता, जल संरक्षण और सामाजिक जागरूकता जैसे छोटे-छोटे प्रयास ही समाज में बड़े सकारात्मक बदलाव का आधार बन सकते हैं।
रिपोर्टर जितेन्द्र सिंह प्रितेश फरक्या







