रायपुर में नशे की बड़ी खेप खपाने की कोशिश नाकाम, 8.40 लाख की प्रतिबंधित नशीली टैबलेट के साथ आरोपी गिरफ्तार।
ओडिशा से नाइट्राजेपम की 2,100 टैबलेट लाकर बेचने की फिराक में था आरोपी, क्राइम-साइबर यूनिट, एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स और डीडी नगर पुलिस की संयुक्त कार्रवाई।
रायपुर। रायपुर कमिश्नरेट पुलिस ने प्रतिबंधित नशीली दवाओं की तस्करी के खिलाफ कार्रवाई करते हुए 2,100 नग नाइट्राजेपम (नाइट्रोसन-10) टैबलेट के साथ एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। जब्त टैबलेट की कीमत लगभग 8 लाख 40 हजार रुपये बताई गई है। प्रारंभिक पूछताछ में आरोपी ने टैबलेट ओडिशा से लाना बताया है।
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, 22 अक्टूबर 2026 को एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट को सूचना मिली थी कि डीडी नगर थाना क्षेत्र के महादेवघाट स्थित विसर्जन कुंड के पास एक व्यक्ति प्रतिबंधित नशीली टैबलेट बेचने के लिए ग्राहक तलाश रहा है। सूचना पर पुलिस उपायुक्त (क्राइम एवं साइबर) श्री स्मृतिक राजनाला और पुलिस उपायुक्त (पश्चिम जोन) श्री रॉबिन्सन गुरिया की सतत मॉनिटरिंग में एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट, एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स और डीडी नगर पुलिस की संयुक्त टीम ने मौके पर पहुंचकर घेराबंदी की और संदिग्ध को पकड़ लिया।
थैले की तलाशी में मिलीं 2,100 टैबलेट।
पूछताछ में आरोपी की पहचान मोहम्मद असजद, पिता मोहम्मद इस्लाम, उम्र 30 वर्ष, निवासी शांति विहार कॉलोनी, दुर्गा आटा चक्की के पास, डंगनिया, थाना डीडी नगर, रायपुर के रूप में हुई। उसके पास रखे थैले की तलाशी लेने पर प्रतिबंधित नशीली दवा नाइट्राजेपम (नाइट्रोसन-10) की 2,100 टैबलेट बरामद हुईं। टैबलेट रखने और उनकी बिक्री के संबंध में वैध दस्तावेज मांगे जाने पर आरोपी कोई दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सका।
पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर टैबलेट जब्त कर ली हैं। उसके विरुद्ध थाना डीडी नगर में अपराध क्रमांक 670/26 के तहत नारकोटिक ड्रग्स एंड साइकोट्रॉपिक सब्सटेंस (एनडीपीएस) अधिनियम की धारा 22(सी) के अंतर्गत मामला दर्ज कर वैधानिक कार्रवाई की गई है।
तस्करी नेटवर्क की पड़ताल जारी।
पुलिस अब प्रतिबंधित टैबलेट की आपूर्ति करने वाले स्रोतों, परिवहन और अवैध बिक्री से जुड़े नेटवर्क की जांच कर रही है। मामले में आगे और कौन-कौन लोग शामिल हैं, इसकी जानकारी जुटाई जा रही है। पुलिस का कहना है कि जांच में सामने आने वाले तथ्यों और साक्ष्यों के आधार पर अन्य संलिप्त व्यक्तियों के विरुद्ध भी वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
रायपुर कमिश्नरेट पुलिस के अनुसार, एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट और एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स अब तक एनडीपीएस एक्ट के 94 मामलों में 207 आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी हैं। इन कार्रवाइयों में गांजा, ओशन ग्रो (गांजा), प्रतिबंधित नशीली टैबलेट, एमडीएमए, पार्टी पिल्स, कोकीन, प्रतिबंधित सिरप, डोडा, हेरोइन, ब्राउन शुगर, अफीम सहित अन्य सामग्री और वाहन जब्त किए गए हैं। पुलिस के मुताबिक, जब्त सामग्री की कुल कीमत 7 करोड़ 19 लाख 81 हजार 600 रुपये है।
रिपोर्टर: मयंक श्रीवास्तव।
ब्यूरो चीफ, पुलिसवाला न्यूज़।






