गौ-तस्करी के खिलाफ एक्शन में कांग्रेस कौमी एकता, शहडोल आईजी को सौंपा ज्ञापन; NSA लगाने की मांग
शहडोल। संभाग में पिछले लंबे समय से पैर पसार रहे गौ-तस्करी के अवैध कारोबार के खिलाफ अब कांग्रेस कौमी एकता ने मोर्चा खोल दिया है। संभाग के अनूपपुर और शहडोल जिलों से बड़े पैमाने पर हो रही मवेशियों की तस्करी को रोकने के लिए संगठन के पदाधिकारियों ने पुलिस महानिरीक्षक (IG) कार्यालय पहुंचकर एक ज्ञापन सौंपा। इस दौरान पुलिस महानिरीक्षक से मांग की गई कि इस काले कारोबार में शामिल अपराधियों के खिलाफ एनएसए (रासुका) जैसी कड़ी कार्रवाई की जाए।
अंतर्राज्यीय गैंग का भंडाफोड़:
यूपी के बूचड़खानों तक जुड़े हैं तार
ज्ञापन के माध्यम से संगठन ने पुलिस महानिरीक्षक को संभाग में सक्रिय गौ-तस्करों के पूरे नेटवर्क और उनके काम करने के तरीके (मोडस ऑपरेंडी) से अवगत कराया। बताया गया है कि उत्तर प्रदेश से आए फिरोज उर्फ सोनू, अयूब और कादिर अली नाम के व्यक्ति वर्तमान में अनूपपुर जिले के ग्राम लपटा (थाना जैतहरी) में डेरा डाले हुए हैं।
यह बाहरी तस्कर स्थानीय साथी शीतल राठौर, संजय चौधरी और एवन चौधरी के साथ मिलकर पिकअप वाहनों के जरिए मवेशियों को अनूपपुर के फुनगा, रामपुर, खाड़ा, गिरवा, जैतपुर और चुहरी के रास्ते शहडोल जिले के ग्राम कुदारी (थाना सीधी) तक पहुंचाते हैं।
सीधी के रास्ते उन्नाव भेजे जा रहे मवेशी
शहडोल के कुदारी गांव में इन सभी मवेशियों को एक जगह इकट्ठा किया जाता है। इसके बाद सीधी जिले के छावरी निवासी मुबारक नाम के शख्स की मदद से इन बेजुबान पशुओं को बड़े ट्रकों और कंटेनरों में क्रूरतापूर्वक लोड किया जाता है, जहाँ से इन्हें सीधे उत्तर प्रदेश के उन्नाव स्थित बूचड़खानों में सप्लाई कर दिया जाता है।
कड़ी कार्रवाई और संभाग को मुक्त कराने की मांग
कांग्रेस कौमी एकता ने आईजी से मांग की है कि इस पूरे अंतर्राज्यीय रैकेट का जल्द से जल्द पर्दाफाश किया जाए और इसमें शामिल सभी आरोपियों पर राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (NSA) के तहत सख्त से सख्त कार्रवाई की जाए, ताकि शहडोल संभाग को इस अवैध और अमानवीय कारोबार से पूरी तरह मुक्ति मिल सके।
ज्ञापन के दौरान ये रहे उपस्थित:
इस दौरान कांग्रेस कौमी एकता के जिला अध्यक्ष सबी खान बंटी, मोहसिन खान, एनएसयूआई (NSUI) अध्यक्ष सौरव तिवारी, मुस्कान खान, अमन तिवारी, अर्चना सिंह, नवेद आलम, महेंद्र यादव, इब्राहिम खान और ऋषभ वर्मा सहित कई अन्य कार्यकर्ता व पदाधिकारी प्रमुख रूप से मौजूद रहे।
अजय पाल







