डिंडौरी मध्यप्रदेश
रिपोर्ट अखिलेश झारिया
पड़रिया कला में बिजली व्यवस्था पर उठे सवाल, ग्रामीण बोले—हर बार मेंटेनेंस के नाम पर कटौती, फिर भी नहीं सुधर रही व्यवस्था
शहपुरा। शहपुरा विकासखंड के ग्राम पड़रिया कला में बिजली विभाग के मेंटेनेंस दावों की उस समय पोल खुल गई, जब बिजली लाइन के समीप खड़ा एक बड़ा पेड़ अचानक गिरने से विद्युत तार टूट गया और बिजली का खंभा भी बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। घटना के समय मौके पर कोई ग्रामीण या राहगीर मौजूद नहीं था, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया।
घटना के बाद गांव की बिजली आपूर्ति बाधित हो गई, जिससे ग्रामीणों को घंटों परेशानी का सामना करना पड़ा। बारिश के मौसम में पहले से ही बिजली की लगातार आवाजाही से जूझ रहे लोगों में इस घटना के बाद विभाग के प्रति नाराजगी और बढ़ गई है।
ग्रामीणों का आरोप है कि क्षेत्र में लंबे समय से बिजली व्यवस्था बदहाल बनी हुई है। आए दिन घंटों बिजली गुल रहती है, लो-वोल्टेज की समस्या बनी रहती है और विभाग द्वारा बार-बार मेंटेनेंस के नाम पर बिजली आपूर्ति बंद कर दी जाती है। इसके बावजूद जमीनी स्तर पर व्यवस्था में कोई ठोस सुधार दिखाई नहीं देता।
ग्रामीणों का कहना है कि यदि बिजली लाइनों के आसपास खड़े जर्जर एवं जोखिमपूर्ण पेड़ों की समय-समय पर छंटाई की जाती, तो इस तरह की घटना से बचा जा सकता था। उनका आरोप है कि विभाग मेंटेनेंस का दावा तो करता है, लेकिन वास्तविक रखरखाव और सुरक्षा उपायों पर अपेक्षित ध्यान नहीं दिया जाता।
ग्रामीणों ने सवाल उठाया कि जब नियमित रूप से मेंटेनेंस किए जाने का दावा किया जाता है, तो बिजली लाइनों के आसपास खड़े खतरनाक पेड़ों का सर्वे और उनकी छंटाई क्यों नहीं की गई? यदि पहले से खतरे की आशंका थी, तो समय रहते आवश्यक कार्रवाई क्यों नहीं की गई?
ग्रामीणों ने कलेक्टर एवं बिजली विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने, लापरवाही के लिए जिम्मेदार अधिकारियों एवं कर्मचारियों की जवाबदेही तय करने तथा जिले के सभी ग्रामीण क्षेत्रों में बिजली लाइनों के आसपास खड़े खतरनाक पेड़ों का सर्वे कर तत्काल छंटाई कराने की मांग की है, ताकि भविष्य में किसी बड़े हादसे से बचा जा सके।







