रायपुर: राजधानी के थाना आजाद चौक क्षेत्रांतर्गत हाण्डीपारा में एक सूने मकान को निशाना बनाकर लाखों रुपये के सोने-चांदी के जेवरात पार करने वाले एक शातिर आरोपी और उसके नाबालिग साथी (विधि के साथ संघर्षरत बालक) को पुलिस ने महज 24 घंटे के भीतर गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से शत-प्रतिशत मशरूका बरामद कर लिया है, जिसकी कुल कीमत लगभग 3 लाख रुपये आंकी गई है।
घटना के संबंध में प्रार्थिया कांति साहू ने शिकायत दर्ज कराई थी कि 5 जुलाई को वह एक पारिवारिक कार्यक्रम में शामिल होने ग्राम नकटी गई थीं। अगले दिन जब वह वापस लौटीं, तो उनके घर और अलमारी के ताले टूटे हुए थे तथा लॉकर में रखे जेवरात गायब थे। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस उपायुक्त (क्राइम एवं साइबर) श्री स्मृतिक राजनाला तथा पुलिस उपायुक्त (पश्चिम क्षेत्र) श्री संदीप पटेल ने थाना प्रभारी रितेश मिश्रा को अज्ञात आरोपियों की त्वरित धरपकड़ के निर्देश जारी किए।
वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के कुशल निर्देशन में एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट (ACCU) तथा आजाद चौक थाना पुलिस की एक संयुक्त टीम का गठन किया गया। टीम ने घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी फुटेज खंगाले और मुखबिर तंत्र को सक्रिय किया। तकनीकी विश्लेषण और उपलब्ध डेटाबेस के आधार पर पुलिस ने हाण्डीपारा निवासी 19 वर्षीय मोहम्मद बिलाल को हिरासत में लिया। कड़ी पूछताछ में उसने अपने एक नाबालिग साथी के साथ मिलकर इस चोरी को अंजाम देना स्वीकार किया, जिसके बाद पुलिस ने विधि के साथ संघर्षरत बालक को भी अपनी गिरफ्त में ले लिया।
पुलिस ने दोनों की निशानदेही पर 3 लाख रुपये मूल्य के चोरी के संपूर्ण जेवरात बरामद कर लिए हैं। दोनों के खिलाफ आजाद चौक थाने में अपराध क्रमांक 145/26 के तहत बीएनएस की संबंधित धाराओं में मामला पंजीकृत कर वैधानिक कार्रवाई की गई है। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, पकड़ा गया नाबालिग आरोपी पहले भी हत्या के प्रयास जैसे गंभीर मामले में संलिप्त रह चुका है।
रिपोर्ट:मयंक श्रीवास्तव
ब्यूरो चीफ, पुलिसवाला न्यूज़








