डिंडौरी मध्यप्रदेश
रिपोर्ट अखिलेश झारिया
अवैध ब्लास्टिंग से सूख रहे जल स्रोत, करोड़ों की रॉयल्टी घोटाले के आरोप की जाँच ठंडे बस्ते मे,—जनसुनवाई में उठा मुद्दा
शक्ति भगदू क्रेशर पर गंभीर आरोप, अधिकारियों की मिलीभगत से कार्रवाई ठप
डिंडौरी /शहपुरा
जनपद पंचायत शहपुरा अंतर्गत ग्राम शक्ति भगदू में संचालित पत्थर खदान और क्रेशर को लेकर गंभीर अनियमितताओं का मामला सामने आया है। इस संबंध में आज जनसुनवाई में लिखित शिकायत प्रस्तुत कर कार्रवाई की मांग की गई है।
शिकायत में आरोप लगाया गया है कि शक्ति भगदू स्थित क्रेशर में अवैध ब्लास्टिंग के कारण क्षेत्र के जल स्रोतों पर विपरीत असर पड़ रहा है। लगातार हो रही विस्फोटक गतिविधियों से कुएं-बोरवेल सहित अन्य जल स्रोत सूखने लगे हैं, जिससे ग्रामीणों के सामने गंभीर जल संकट खड़ा हो गया है।
बताया गया है कि शारदा राय के नाम से 2.840 हेक्टेयर पत्थर खदान स्वीकृत है, लेकिन वास्तविक संचालन में नियमों का खुला उल्लंघन किया जा रहा है। आरोप है कि ई-टीपी (ई-ट्रांजिट पास) में हेराफेरी कर ग्राम शक्ति भगदू की जगह बाका चंदिया (शहडोल) दर्शाकर गिट्टी की रॉयल्टी में रेत का अवैध परिवहन किया जा रहा है, जिससे शासन को करोड़ों रुपये की राजस्व हानि हो रही है।
शिकायत में यह भी उल्लेख किया गया है कि खदान में तय मानकों से अधिक खुदाई की गई है और अवैध उत्खनन लगातार जारी है। इसके बावजूद खनिज विभाग द्वारा अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। पूर्व में भी शिकायतें दर्ज होने के बावजूद क्रेशर को सील नहीं किया गया, जिससे अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े हो रहे हैं।
ग्रामीणों का आरोप है कि अधिकारियों की सांठगांठ के चलते अब तक अवैध उत्खनन का कोई प्रकरण दर्ज नहीं किया गया है। पूर्व में तत्कालीन एसडीएम काजल जावला द्वारा मामला बनाए जाने के बावजूद भी कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हो सकी।
इसके अलावा, शहपुरा निवास रोड स्थित खसरा नंबर 790/2/1 एवं 790/3/1 में भंडारण की अनुमति के नाम पर अवैध मुरुम और पत्थर उत्खनन किए जाने का भी आरोप लगाया गया है।
फिलहाल जनसुनवाई में शिकायत के बाद प्रशासन के रुख पर सभी की नजरें टिकी हुई हैं।







