डिंडौरी मध्यप्रदेश
रिपोर्ट अखिलेश झारिया
डिंडौरी कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में कलेक्टर अंजू पवन भदौरिया की अध्यक्षता में आयोजित समय-सीमा बैठक में विभिन्न शासकीय योजनाओं, विकास कार्यों एवं जनहित से जुड़े प्रकरणों की विस्तृत समीक्षा की गई। बैठक में जिला एवं जनपद स्तर के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
कलेक्टर ने सीएम हेल्पलाइन में 50 से 100 दिवस से अधिक समय से लंबित शिकायतों पर नाराजगी जताते हुए संबंधित विभागों को दो दिवस के भीतर निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि शिकायतों के निपटारे में लापरवाही किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं की जाएगी और समय-सीमा का कड़ाई से पालन अनिवार्य होगा।
जल जीवन मिशन एवं नल-जल योजना की समीक्षा के दौरान सभी ग्राम पंचायतों में सुचारू पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। जिन पंचायतों में योजना हस्तांतरण के बाद भी जल प्रदाय बाधित है, वहां संबंधित सरपंच और सचिव के विरुद्ध एफआईआर दर्ज कराने के निर्देश एसडीएम एवं जनपद सीईओ को दिए गए।
जबलपुर–अमरकंटक मार्ग के निर्माण कार्य की प्रगति की समीक्षा करते हुए ग्राम गाड़ासरई में सड़क किनारे नाली निर्माण तथा ग्राम शक्का में पेयजल पाइपलाइन से जुड़ी समस्याओं के त्वरित समाधान के निर्देश राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के अधिकारियों को दिए गए। निर्माण कार्यों में देरी पर सख्त कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई।
बैठक में धन-धान्य योजना, कृषि, महिला एवं बाल विकास, मत्स्य, सहकारिता, एनआरएलएम एवं पशुपालन विभाग की प्रगति की समीक्षा करते हुए हितग्राही मूलक योजनाओं की सूची तैयार कर प्रस्तुत करने को कहा गया। अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस पर उत्कृष्ट महिला अधिकारियों-कर्मचारियों को सम्मानित करने हेतु नामों की सूची शीघ्र उपलब्ध कराने के निर्देश भी दिए गए।
इसके अलावा उज्ज्वला गैस कनेक्शन, ई-केवाईसी, स्वास्थ्य योजनाओं, पीएम किसान कुसुम सौर पंप, राजस्व प्रकरणों—बंटवारा, सीमांकन, नामांतरण—के त्वरित निराकरण तथा जनगणना प्रशिक्षण की तैयारियों की समीक्षा की गई। कलेक्टर ने सभी अधिकारियों को निर्देशित किया कि निर्माण कार्य बरसात से पूर्व पूर्ण कराए जाएं और किसी भी बैठक में अनुपस्थिति की पूर्व सूचना अनिवार्य रूप से दी जाए।
बैठक के अंत में कलेक्टर ने योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन और नियमित मॉनिटरिंग पर विशेष जोर दिया।

