करोड़ों की बेशकीमती सरकारी भूमि पर प्रशासन की सख्ती, कलेक्टर हिमांशु चंद्रा के निर्देश पर पहुंचा भारी अमला — जेसीबी समेत तमाम संसाधन मौके पर मौजूद
नीमच। शहर के बीचों-बीच स्थित बेशकीमती सरकारी भूमि को अवैध कब्जे से मुक्त कराने और शासन का कब्जा बहाल करने के लिए शनिवार सुबह प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई शुरू की। कलेक्टर हिमांशु चंद्रा के निर्देश पर प्रशासनिक एवं पुलिस अमला जीवाजी राव छात्रावास परिसर, सिंधी कॉलोनी-ग्वालटोली रोड पहुंचा, जहां कब्जा बहाली की कार्रवाई प्रारंभ की गई। समाचार लिखे जाने तक मौके पर कार्रवाई जारी थी।
सुबह-सुबह पहुंचा प्रशासनिक अमला
शनिवार सुबह करीब 8 बजे प्रशासनिक वाहनों का बड़ा काफिला जीवाजी राव छात्रावास परिसर में पहुंचा। मौके पर एडीएम बीएस कनेश, एसडीएम नीमच पराग जैन, नगरपालिका सीएमओ दुर्गा बामनिया सहित अन्य प्रशासनिक अधिकारी मौजूद रहे।
किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने तथा कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए परिसर के अंदर और बाहर बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया है। कई थानों के थाना प्रभारी एवं पुलिस अधिकारी भी मौके पर मौजूद बताए गए हैं। कार्रवाई के लिए जेसीबी सहित आवश्यक संसाधन भी मौके पर पहुंचाए गए हैं।
₹500 करोड़ की जमीन होने का दावा
स्थानीय स्तर पर इस सरकारी भूमि की कीमत करीब ₹500 करोड़ बताए जाने के बाद यह कार्रवाई शहर में चर्चा का विषय बनी हुई है। प्रशासन की ओर से सरकारी भूमि पर कब्जा बहाल करने की कार्रवाई की जा रही है।
कोर्ट के फैसले के बाद कार्रवाई की बात
प्राप्त जानकारी के अनुसार, नगरपालिका की ओर से न्यायालयीन मामले में फैसला अपने पक्ष में आने के बाद प्रशासन ने सरकारी भूमि को लेकर कार्रवाई शुरू की है। हालांकि कार्रवाई के अंतिम स्वरूप और हटाए जाने वाले अतिक्रमण को लेकर प्रशासन की ओर से विस्तृत आधिकारिक जानकारी का इंतजार है।
मौके पर भारी पुलिस बल तैनात
कार्रवाई के दौरान बड़ी संख्या में पुलिसकर्मी तैनात हैं। स्थानीय जानकारी के अनुसार करीब 200 से 300 पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई है। प्रशासनिक अधिकारी पूरे घटनाक्रम की निगरानी कर रहे हैं।
समाचार लिखे जाने तक जीवाजी राव छात्रावास परिसर में प्रशासन की कार्रवाई जारी थी।
जिला ब्यूरो
ललित सिंह चुंडावत
नीमच

