
नवागढ़ (बेमेतरा) | सामुदायिक पुलिसिंग को धरातल पर उतारने और ग्रामीण क्षेत्रों में महिला सुरक्षा को पुख्ता करने के उद्देश्य से ग्राम अमोरा (महंत) में एक भव्य जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में मुख्य रूप से जिला पुलिस अधीक्षक विजय कुमार पाण्डेय (IPS) एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक उमेश कुमार कश्यप उपस्थित रहे।
50 सदस्यीय महिला कमांडो टीम का गठन
पुलिस और जनता के बीच की दूरी कम करने के संकल्प के साथ गांव की 50 सक्रिय महिलाओं को मिलाकर ‘महिला कमांडो टीम’ का गठन किया गया। एसपी विजय कुमार पाण्डेय ने स्वयं इन कमांडोज को टोपी और सीटी वितरित की। उन्होंने कहा कि यह टीम गांव में पुलिस की “आंख और कान” की तरह कार्य करेगी, जो संदिग्ध गतिविधियों और नशे जैसी सामाजिक बुराइयों की सूचना तत्काल पुलिस तक पहुँचाएगी।
सुरक्षा के साथ बढ़ेगा आत्मविश्वास
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक उमेश कुमार कश्यप ने इस पहल की सराहना करते हुए बताया कि महिला कमांडो के सक्रिय होने से न केवल अपराधों पर अंकुश लगेगा, बल्कि ग्रामीण महिलाओं और बालिकाओं में सुरक्षा की भावना और आत्मविश्वास भी जागृत होगा।

प्रमुख जिम्मेदारियां:
महिलाओं और बालिकाओं को सुरक्षा के प्रति जागरूक करना।
आपातकालीन स्थिति में पुलिस को त्वरित सूचना देना।
समाज में व्याप्त कुरीतियों और नशे के विरुद्ध अभियान चलाना।
“सामुदायिक पुलिसिंग का अर्थ है पुलिस और जनता का अटूट विश्वास। जब महिलाएं स्वयं सुरक्षा की कमान संभालेंगी, तो अपराध मुक्त समाज का सपना जल्द साकार होगा।”
— विजय कुमार पाण्डेय (IPS), पुलिस अधीक्षक
उपस्थिति:
इस अवसर पर नवागढ़ थाना प्रभारी निरीक्षक कमलेश सेंडे, स्थानीय जनप्रतिनिधि, गणमान्य नागरिक और भारी संख्या में ग्रामीण उपस्थित थे। ग्रामीणों ने पुलिस विभाग की इस अभिनव पहल का स्वागत किया और पूर्ण सहयोग का संकल्प लिया।
रिपोर्ट:मयंक श्रीवास्तव
ब्यूरो चीफ, पुलिसवाला न्यूज़







